गैरसैंण में सत्र शुरु होते ही विपक्ष ने दिखाए तेवर , आपदा और कानून के मुद्दे पर वेल में पहुंचकर विपक्ष ने किया हंगामा

गैरसैंण
उत्तराखंड विधानसभा का मॉनसून सत्र चमोली जिले के गैरसैंण स्थित भराड़ीसैंण विधानसभा भवन में शुरू हो गया है…… विधानसभा के चार दिवसीय मॉनसून सत्र के हंगामेदार रहने की उम्मीद है….. उत्तराखंड मानसून सत्र शुरू होते ही विपक्षी नेताओं का हंगामा शुरू हो गया….. विपक्षी विधायक वेल तक पहुंचे…… इसके साथ ही इन चार दिनों के लिए भराड़ीसैंण में धारा 163 लागू की गई है….. इसका अर्थ ये हुआ कि 19 अगस्त से सत्र समाप्ति की तिथि 22 अगस्त शाम 5 बजे तक धारा 163 प्रभावी रहेगी….. भराड़ीसैंण विधानसभा भवन से 5 किलोमीटर रेडियस में प्रदर्शन पर रोक लगाई गई है…..

कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने गैरसैंण सत्र को लेकर कहा कि सरकार पूरी तैयारी के साथ यहां आई है और माननीय सदस्यों के सभी प्रश्नों के उत्तर दिए जाएंगे…. उन्होंने बताया कि साढ़े पांच हजार करोड़ का अनुपूरक बजट सदन में रखा जाएगा…. कई विधेयक पेश होंगे और विकास कार्यों पर विस्तार से चर्चा होगी….. गणेश जोशी ने कहा कि खराब मौसम के बावजूद गैरसैंण में सत्र आयोजित करना इस बात का प्रमाण है कि बीजेपी सरकार पहाड़ की जनता की सच्ची हितैषी है…… उन्होंने याद दिलाया कि गैरसैंण को ग्रीष्मकालीन राजधानी बीजेपी सरकार और तत्कालीन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने घोषित किया था…. कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि जो लोग सरकार पर सवाल उठाते हैं, उन्हें अपनी आपत्तियां कार्यमंत्रणा समिति में रखनी चाहिए थी…

नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने नैनीताल जिला पंचायत चुनाव को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाए…. उन्होंने कहा कि चुनाव में हुए कुकृत्य ने प्रदेश की छवि को धूमिल किया है और यह लोकतंत्र पर सीधा हमला है…… उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी ने धनबल और सत्ता का दुरुपयोग किया, सरकारी मशीनरी को इस्तेमाल में लाया और खुलेआम धारा 144 लागू होने के बावजूद पुलिस मूकदर्शक बनी रही….. यशपाल आर्य ने कहा कि पंचायत सदस्यों को तमंचे और तलवार की नोक पर पीटा गया, घसीटा गया और अपहरण तक कर लिया गया….. हल्द्वानी विधायक समेत कई नेताओं पर हमले हुए, जिसे उन्होंने प्रदेश के शांत माहौल के लिए शर्मनाक बताया……
